Top News

ऑनलाइन साइबर ठगी करने वाले संगठित गिरोह का भंडाफोड़, तीन गिरफ्तार92 हजार रुपये नकद, 10 फर्जी आधार कार्ड और दो मोबाइल फोन बरामद

जौनपुर, 16 जुलाई। जौनपुर पुलिस की साइबर क्राइम थाना/सेल टीम ने ऑनलाइन साइबर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए उसके तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपितों के कब्जे से साइबर ठगी से अर्जित 92 हजार रुपये नकद, 10 फर्जी आधार कार्ड तथा दो एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस गिरोह के फरार सरगना समेत अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुंवर अनुपम सिंह के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक नगर एवं साइबर क्राइम थाना के नोडल अधिकारी आयुष श्रीवास्तव के निर्देशन तथा सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी नगर गोल्डी गुप्ता के पर्यवेक्षण में साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान "Cy-Vajra" के तहत यह कार्रवाई की गई।
पुलिस के अनुसार, साइबर क्राइम थाना पर दर्ज मुकदमा संख्या 36/2026 (धारा 318(4), 319(2), 338, 317(4), 61(2) बीएनएस एवं 66D आईटी एक्ट) की विवेचना के दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि गिरोह के सदस्य पुलिस की सक्रियता के चलते जनपद छोड़कर भागने की फिराक में हैं। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने सिटी रेलवे स्टेशन ओवरब्रिज के नीचे घेराबंदी कर गुरुवार सुबह करीब 6:10 बजे तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान गुलशन सोनी निवासी राजेपुर कजगांव थाना जफराबाद, सूरज उपाध्याय निवासी हुसैनाबाद न्यू कॉलोनी थाना लाइन बाजार तथा अमन सिंह निवासी उमरपुर हरिबंधनपुर थाना कोतवाली, जनपद जौनपुर के रूप में हुई है।
पूछताछ में आरोपितों ने स्वीकार किया कि वे दीपेश उर्फ दीपु विश्वकर्मा निवासी छत्तीसा खुर्द थाना नेवढ़िया द्वारा संचालित साइबर ठगी गिरोह के सदस्य हैं। गिरोह ऑनलाइन धोखाधड़ी से प्राप्त धनराशि को विभिन्न लोगों के बैंक खातों में मंगवाता था। इसके बाद आरोपित परिचितों के खातों का उपयोग कर एटीएम से नकदी निकालते थे और करीब 80 प्रतिशत रकम गिरोह के सरगना को सौंप देते थे, जबकि शेष 20 प्रतिशत आपस में बांट लेते थे।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपित अपनी वास्तविक पहचान छिपाने और विभिन्न बैंकों में खाते खुलवाने के लिए फर्जी आधार कार्ड तैयार कर उनका इस्तेमाल करते थे। पुलिस की कार्रवाई तेज होने की जानकारी मिलने पर गिरोह का सरगना फरार हो गया, जबकि उसके तीन सहयोगियों को भागने से पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों के नाम भी सामने आए हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस ने बरामद नकदी, फर्जी आधार कार्ड और मोबाइल फोन को कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है तथा गिरफ्तार आरोपितों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।
साइबर क्राइम पुलिस की अपील
जौनपुर साइबर क्राइम पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, मोबाइल नंबर, ओटीपी या पहचान पत्र किसी अन्य को उपलब्ध न कराएं। ऐसा करना साइबर अपराध में सहभागिता माना जा सकता है और इसके लिए कानूनी कार्रवाई हो सकती है। किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।

Post a Comment

Previous Post Next Post
Astra Veda News
Astra Veda News